इक ऐसा हिन्दुस्तान बने
हर दिल का अरमान बने
इक ऐसा हिन्दुस्तान बने
जिसमें ना हो भेदभाव
कभी न हो जिसमें टकराव
जात पात न जरा सा हो
प्रेम ही जिसकी भाषा हो
धरती की वो शान बने
इक ऐसा हिन्दुस्तान बने
ना युद्ध कहीं ना जंग हो
सब मिलके रहें सब संग हों
पाए न जगह हैवानियत
जहाँ जिन्दा रहे इंसानियत
इंसाँ फिर से इंसान बने
इक ऐसा हिन्दुस्तान बने
जहाँ सबमे भाईचारा हो
जहाँ सबको सबका सहारा हो
हाथों में उठी तलवार गिरे
हर नफरत की दीवार गिरे
प्रेम दिलों की पहचान बने
इक ऐसा हिन्दुस्तान बने
हर दिल का अरमान बने
इक ऐसा हिन्दुस्तान बने
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